
रेत माफियाओं का आतंक: इंस्पेक्टर पर हमला, प्रशासन को खुली चुनौती
छिंदवाड़ा/चांद (पंचायत दिशा समाचार)।
जिले में रेत माफियाओं का आतंक अब इस कदर बढ़ चुका है कि कानून का डर पूरी तरह खत्म होता नजर आ रहा है। ताजा मामला चांद थाना क्षेत्र के बाड़ीबाड़ा घाट का है, जहां अवैध रेत उत्खनन पर कार्रवाई करने पहुंची खनिज इंस्पेक्टर स्नेहलता ठावरे पर माफियाओं ने हमला करने का दुस्साहस किया।
कार्रवाई करने पहुंची टीम पर हमला
लगातार मिल रही शिकायतों के बाद खनिज विभाग की टीम जब बाड़ीबाड़ा घाट पर पहुंची, तो अवैध रेत से भरे ट्रैक्टर-ट्रॉली मौके से भागने लगे। पीछा कर एक ट्रैक्टर-ट्रॉली को जब्त किया गया, लेकिन इसके बाद हालात अचानक बिगड़ गए।
माफियाओं ने न सिर्फ गाली-गलौज की, बल्कि धक्का-मुक्की और हमले का प्रयास करते हुए प्रशासनिक टीम को खुली चुनौती दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, माफियाओं ने कहा—

“दम है तो ट्रैक्टर ले जाकर दिखाओ”।
दो आरोपियों पर FIR, सख्त धाराएं लगीं
घटना के बाद खनिज इंस्पेक्टर की शिकायत पर पंकज वर्मा और हरिनारायण वर्मा के खिलाफ चांद थाने में धारा 296, 351, 121(1), 132, 221, 3(5) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के संकेत दिए हैं।

इमलीखेड़ा में बड़ी कार्रवाई: 6 ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त
इसी अभियान के तहत प्रशासन ने शहर के इमलीखेड़ा क्षेत्र में भी छापा मारते हुए अवैध रेत से भरे 6 ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त किए। खनिज, राजस्व और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई की। जब्त वाहनों को कोतवाली थाने में खड़ा कराया गया है।
सिरेगांव बना माफियाओं का गढ़?
चौरई से लगे सिरेगांव क्षेत्र में भी अवैध काली रेत का कारोबार चरम पर बताया जा रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि यहां लंबे समय से माफियाओं का दबदबा बना हुआ है और कार्रवाई न के बराबर हो रही है।
बड़ा सवाल: कब टूटेगा रेत माफियाओं का नेटवर्क?
लगातार बढ़ती घटनाएं यह सवाल खड़ा कर रही हैं कि आखिर रेत माफियाओं को इतना संरक्षण किसका है?
जब अधिकारी ही सुरक्षित नहीं, तो आम जनता की सुरक्षा पर भी सवाल उठना लाजिमी है।
प्रशासन को चेतावनी, अब आर-पार की लड़ाई
घटना के बाद जिले में सख्त कार्रवाई की मांग तेज हो गई है। लोगों का कहना है कि अब विशेष अभियान चलाकर रेत माफियाओं के पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करना होगा, ताकि दोबारा कोई अधिकारी पर हाथ उठाने की हिम्मत न कर सके।







