Home CITY NEWS लक्षण नहीं, फिर भी मलेरिया संक्रमित मिले छात्रावास के छात्र!

लक्षण नहीं, फिर भी मलेरिया संक्रमित मिले छात्रावास के छात्र!

लक्षण नहीं, फिर भी मलेरिया संक्रमित मिले छात्र!

हर्रई-तामिया के आदिवासी छात्रावासों में स्वास्थ्य सुरक्षा पर उठे सवाल, कलेक्टर ने दिए औचक निरीक्षण के निर्देश

छिंदवाड़ा। आदिवासी छात्रावासों में रहने वाले विद्यार्थियों के स्वास्थ्य को लेकर प्रशासन ने गंभीरता दिखाई है। हर्रई और तामिया विकासखंड के कुछ आदिवासी छात्रावासों में विद्यार्थियों की स्क्रीनिंग के दौरान मलेरिया के स्पष्ट लक्षण नहीं होने के बावजूद कुछ विद्यार्थी संक्रमित पाए गए। मामला सामने आने के बाद कलेक्टर हरेंद्र नारायन ने जनजातीय कार्य विभाग के सहायक आयुक्त को छात्रावासों का औचक निरीक्षण करने के निर्देश दिए हैं।

मच्छरदानी का उपयोग हो रहा या नहीं, मौके पर जांचें

कलेक्टर ने निर्देश दिए कि औचक निरीक्षण के दौरान अधिकारियों द्वारा यह देखा जाए कि छात्रावासों में विद्यार्थी मच्छरदानी का उपयोग कर रहे हैं या नहीं। इसके साथ ही छात्रावास में कोई विद्यार्थी बीमार तो नहीं है, इसकी भी जांच की जाए।

बिना लक्षण वाले संक्रमितों ने बढ़ाई चिंता

स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान यह तथ्य सामने आया कि स्क्रीनिंग में कुछ विद्यार्थियों में बीमारी के लक्षण दिखाई नहीं देने के बावजूद वे मलेरिया संक्रमित पाए गए। प्रशासन ने इसे गंभीरता से लेते हुए समय पर जांच और उपचार की आवश्यकता पर जोर दिया है।

छात्रावासों में स्वास्थ्य व्यवस्था पर बढ़ेगी निगरानी

कलेक्टर ने कहा कि एसिमटोमेटिक व्यक्ति के माध्यम से भी मच्छर रोग का संक्रमण फैल सकता है। इसलिए छात्रावासों में रहने वाले विद्यार्थियों की समय-समय पर जांच, आवश्यक उपचार और मच्छरों से बचाव के उपाय सुनिश्चित करना जरूरी है।

अब देखने वाली बात होगी कि जनजातीय कार्य विभाग के अधिकारी औचक निरीक्षण में मच्छरदानी के उपयोग, विद्यार्थियों के स्वास्थ्य और छात्रावासों में मच्छर नियंत्रण की वास्तविक स्थिति को किस तरह जांचते हैं।