खिलाड़ी राष्ट्र को गौरवान्वित करने के लिए तैयारी करे: बंटी विवेक साहू
- 38वें ग्रीष्मकालीन वॉलीबॉल प्रशिक्षण शिविर जुन्नारदेव में खिलाड़ियों से मिलने पहुंचे सांसद बंटी विवेक साहू
छिंदवाड़ा। जुन्नारदेव में 38वें ग्रीष्मकालीन वॉलीबॉल प्रशिक्षण शिविर में नगर के 8 साल से 18 साल तक के छात्र छात्राएं वॉलीबॉल विद्या का प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। बुधवार को खिलाड़ियों से मिलने छिंदवाड़ा एवं पांढुर्णा के यशस्वी ऊर्जावान सांसद बंटी विवेक साहू खिलाड़ियों से मिलने जुन्नारदेव पहुंचे, जहां उन्होंने खिलाड़ियों से मिलकर यह संकल्प दोहराने के लिए कहा कि आप अपने खेल में इतनी प्रगति करें कि आप अपने जिले का नाम राज्य ही नहीं वरन् राष्ट्र पर भी गौरवान्वित कर सके।

इस दौरान सांसद बंटी विवेक साहू ने खिलाड़ियों को यह आश्वासन भी दिया कि वह अगले वर्ष पुनः आपसे मिलने और आपकी उपलब्धियां को जानने के लिए इस शहर में आएंगे। सांसद ने खिलाड़ियों से कहा कि आप मेहनत करें संसाधनों के लिए परेशान होने की आवश्यकता नहीं है, जिस प्रकार छिंदवाड़ा में सर्वसुविधा युक्त खेल स्टेडियम सभी खेलों के लिए एक स्थान पर बनाया जा रहा है जो यह सोच को दर्शाता है कि छिंदवाड़ा जिले के कोई भी खिलाड़ी अब खेल सुविधाओं से मोहताज नहीं रहेंगे, आवश्यकता सिर्फ उन्हें मेहनत करने की है।

- 1989 से नियमित चल रहा प्रशिक्षण शिविर
शारीरिक गतिविधियों को बढ़ाने के उद्देश्य से जनजाति कार्य विभाग छिंदवाड़ा एवं खेल एवं युवक कल्याण विभाग छिंदवाड़ा द्वारा संचालित इस शिविर में 265 छात्र-छात्रा इन वॉलीबॉल विद्या का प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। ज्ञात हो इस शिविर का शुभारंभ 1989 में किया गया था, तब से लगातार नगर के युवा वॉलीबॉल का प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। जिससे नगर के विभिन्न राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में 203 खिलाड़ियों ने मध्यप्रदेश का प्रतिनिधित्व किया है और जुन्नारदेव ने राष्ट्रीय स्तर पर मध्यप्रदेश टीम का 11 बार कप्तानी करने का गौरव भी प्राप्त हुआ है। वही मध्यप्रदेश की विभिन्न प्रतियोगिताओं में 54 बार विजेता टीम के खिलाड़ी के रूप में जुन्नारदेव के खिलाड़ियों ने भाग लिया है।

यह सब संभव हो पाया है ग्रीष्मकालीन वॉलीबॉल प्रशिक्षण शिविर के कारण, शिविर के पश्चात खिलाड़ी छात्र अपने-अपने विद्यालय में जाकर यहां सीखी हुई विधा का अभ्यास करते हैं। जिससे उनके खेल कौशल का विकास होता है और लगभग 2 से 3 वर्ष पश्चात वह राज्य एवं राष्ट्र स्तर पर अपने खेल कौशल का प्रदर्शन कर पाते हैं। नगर की इस गौरव बड़ी परंपरा को नगर पालिका परिषद का प्रबंधन क्षेत्र का संरक्षण प्राप्त होता रहा है। प्रशिक्षण दिया जा रहा हैं।







