Home CITY NEWS फीस के नाम पर बच्चों का भविष्य बंधक? टी.सी. रोकने पर उठे...

फीस के नाम पर बच्चों का भविष्य बंधक? टी.सी. रोकने पर उठे सवाल..?

फीस के नाम पर बच्चों का भविष्य बंधक? टी.सी. रोकने पर उठे सवाल
छिंदवाड़ा(पंचायत दिशा समाचार)एक ओर मध्य प्रदेश सरकार एवं शिक्षा विभाग विद्यार्थियों के हित में स्कूल बदलने की प्रक्रिया को सरल बनाने की बात कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर जिले के कुछ निजी स्कूल संचालकों द्वारा फीस बकाया का हवाला देकर ट्रांसफर सर्टिफिकेट (टी.सी.) रोकने के बयान ने नया विवाद खड़ा कर दिया है।
अशासकीय शाला संघ द्वारा जारी बयान में कहा गया है कि बिना शुल्क भुगतान एवं अन्य औपचारिकताओं के टी.सी. जारी करना संभव नहीं है। संघ ने प्रशासनिक दबाव का विरोध करते हुए न्यायालय जाने तक की चेतावनी दी है। लेकिन इस पूरे विवाद के बीच सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि आखिर विद्यार्थियों की पढ़ाई और भविष्य का क्या होगा?


अभिभावकों का कहना है कि कई निजी विद्यालय पहले से ही अत्यधिक फीस, परिवहन शुल्क और अन्य मदों में आर्थिक बोझ बढ़ा चुके हैं। ऐसे में यदि टी.सी. भी शुल्क वसूली का माध्यम बन जाए, तो आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों की पढ़ाई बीच में रुक सकती है। कई अभिभावकों ने आरोप लगाया कि स्कूल प्रबंधन द्वारा समय पर टी.सी. नहीं देने से नए विद्यालयों में प्रवेश प्रक्रिया प्रभावित होती है।


शिक्षा के जानकारों का मानना है कि विद्यालयों को अपने शुल्क संबंधी अधिकार जरूर हैं, लेकिन विद्यार्थियों के शैक्षणिक अधिकारों को बाधित करना भी उचित नहीं माना जा सकता। विशेषज्ञों के अनुसार ऐसे मामलों में संतुलित व्यवस्था और स्पष्ट नीति की आवश्यकता है, जिससे न तो विद्यालयों को आर्थिक नुकसान हो और न ही विद्यार्थियों का भविष्य प्रभावित हो।
विवाद के बाद अब जिले में यह चर्चा तेज हो गई है कि क्या निजी स्कूल शिक्षा को सेवा मानते हैं या फिर पूरी व्यवस्था आर्थिक हितों के इर्द-गिर्द सिमटती जा रही है। अभिभावकों की मांग है कि शिक्षा विभाग इस मामले में स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी करे, ताकि किसी भी छात्र को टी.सी. के लिए परेशान न होना पड़े।
वहीं, अशासकीय शाला संघ ने कहा है कि विद्यालयों पर एकपक्षीय दबाव स्वीकार नहीं किया जाएगा और आवश्यकता पड़ने पर कानूनी रास्ता अपनाया जाएगा। अब देखना होगा कि प्रशासन, निजी विद्यालय और अभिभावकों के बीच इस विवाद का समाधान किस प्रकार निकलता है।