खनिज उत्खनन में बड़ी अनियमितता उजागर, पट्टाधारी को कलेक्टर का नोटिस
30 दिन में जवाब नहीं तो होगी कड़ी कार्रवाई
छिंदवाड़ा(पंचायत दिशा समाचार ) जिले में खनिज उत्खनन कार्यों पर प्रशासन ने सख्ती बढ़ाते हुए ग्राम शहपुरा स्थित पत्थर खदान में गंभीर अनियमितताएँ पाए जाने पर पट्टाधारी नितिन ठाकुर को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। कलेक्टर हरेन्द्र नारायन के निर्देश पर जारी नोटिस में 30 दिवस के भीतर प्रमाणित दस्तावेजों सहित जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। संतोषजनक उत्तर नहीं मिलने पर मध्यप्रदेश गौण खनिज नियम 1996 के नियम 30(26) के तहत वैधानिक कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
कलेक्टर ने बताया कि तहसील छिंदवाड़ा के ग्राम शहपुरा स्थित खसरा क्रमांक 73 के 3.900 हेक्टेयर क्षेत्र में वर्ष 2017 से 2027 तक पत्थर उत्खनन पट्टा स्वीकृत है। सहायक खनि अधिकारी द्वारा 18 फरवरी 2026 को किए गए निरीक्षण एवं ई-खनिज पोर्टल के परीक्षण में कई गंभीर अनियमितताएँ सामने आईं।
निरीक्षण में पाया गया कि खदान क्षेत्र के सीमाचिन्ह क्षतिग्रस्त हैं तथा स्थल सूचक बोर्ड स्थापित नहीं किया गया है, जो नियमों का उल्लंघन है। पर्यावरण संरक्षण के तहत आवश्यक वृक्षारोपण भी नहीं किया गया, वहीं फेसिंग वॉल का निर्माण नहीं पाया गया, जो पर्यावरणीय स्वीकृति की शर्तों के विरुद्ध है।
जांच के दौरान क्रेशर प्लांट क्षेत्र में लगभग 11,848 घनमीटर गिट्टी का भंडारण मिला, जिसके संबंध में कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जा सके। इसके अलावा उत्खनन स्थल पर लगभग 480 मीटर लंबा, 38 मीटर चौड़ा और 5 मीटर गहरा गड्ढा पाया गया, जो अनियमित आकार का है और खनन कार्य बंद होने के बावजूद कोई रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं कराया गया।
ई-खनिज पोर्टल के अवलोकन में कई अवधियों में उत्पादन और प्रेषण का रिकॉर्ड दर्ज नहीं मिला, जो नियमों का गंभीर उल्लंघन माना गया है।
प्रशासन की इस कार्रवाई से अवैध और अनियमित खनन करने वालों में हड़कंप मच गया है। कलेक्टर ने स्पष्ट किया है कि खनिज कार्यों में नियमों की अनदेखी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी।







