100 सीटर बालिका छात्रावास का भूमिपूजन, दूरस्थ अंचल की बेटियों को मिलेगी शिक्षा की नई उड़ान
सांसद-विधायक ने किया भूमिपूजन, छात्राओं के लिए बेहतर आवासीय सुविधा का होगा निर्माण
छिंदवाड़ा। शिक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए क्षेत्र में 100 सीटर बालिका छात्रावास के निर्माण का भूमिपूजन सांसद एवं विधायक द्वारा संयुक्त रूप से किया गया। इस छात्रावास के निर्माण से दूरस्थ एवं ग्रामीण अंचलों की छात्राओं को सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण और बेहतर आवासीय सुविधा उपलब्ध होगी, जिससे उनकी पढ़ाई अब आर्थिक और भौगोलिक कठिनाइयों से प्रभावित नहीं होगी।
भूमिपूजन कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों ने कहा कि सरकार बेटियों की शिक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों की अनेक छात्राएं आवासीय सुविधा के अभाव में उच्च शिक्षा से वंचित रह जाती थीं। नए छात्रावास के निर्माण से उन्हें विद्यालय और महाविद्यालय के निकट सुरक्षित वातावरण मिलेगा, जिससे उनकी शिक्षा निरंतर जारी रह सकेगी।
उन्होंने कहा कि छात्रावास केवल एक भवन नहीं, बल्कि क्षेत्र की बेटियों के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव है। इससे छात्राओं का आत्मविश्वास बढ़ेगा, शिक्षा का स्तर सुधरेगा और उच्च शिक्षा प्राप्त करने के अवसर भी बढ़ेंगे।
कार्यक्रम में अधिकारियों ने बताया कि छात्रावास आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित होगा। इसमें छात्राओं के लिए सुरक्षित आवास, भोजन, अध्ययन कक्ष, स्वच्छ पेयजल, स्वच्छता एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों ने निर्माण एजेंसी को गुणवत्ता और समय-सीमा का विशेष ध्यान रखते हुए कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, जनजातीय कार्य विभाग के अधिकारी, शिक्षाविद, छात्राएं एवं बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी उपस्थित रहे।
शिक्षा को मिलेगा नया संबल
100 सीटर बालिका छात्रावास का निर्माण क्षेत्र की बेटियों के लिए शिक्षा का नया द्वार खोलेगा। इससे दूरदराज के गांवों की छात्राओं को सुरक्षित आवास मिलेगा और वे बिना किसी बाधा के अपनी पढ़ाई पूरी कर सकेंगी। यह परियोजना क्षेत्र में बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।








